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Friday, June 10, 2011

जानें शिक्षा से जुड़े संस्थानों को-3 "इंदिरा गाँधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय (इग्नू)"-

शिक्षा की व्यापक आवश्यकताओं के मद्देनजर देश के सबसे प्रमुख मुक्त विश्वविद्यालय "इदिरा गाँधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय (इग्नू)" की स्थापना सितंबर, 1985 में की गई।
इसके प्रमुख दायित्व निम्नांकित रखे गए-

> देश की शिक्षा व्यवस्था में मुक्त विश्वविद्यालयों को बढ़ावा देना।

> देश में उत्कृष्ट सुदूर शिक्षा प्रणाली प्रारंभ करना।

> देश में दूरस्थ शिक्षा के लिए प्रारंभ की गई प्रणाली में समन्वय और मानकों का निर्धारण करना।

इस विश्वविद्यालय के प्रमुख उद्देश्य-

> भारत की जनसंख्या के एक बड़े भाग तक उच्च शिक्षा की पहुँच का विस्तार करना।

> सतत शिक्षा के कार्यक्रम आयोजित करना और विशेष लक्षित समूहों, जैसे-महिलाओं, शारीरिक रूप से विकलांग व्यक्तियों तथा पूर्वोतर और उड़ीसा के पिछड़े जिलों जैसे पिछड़े एवं पर्वतीय क्षेत्रों के निवासियों, मुख्यतः अनुसूचित जाति एवं जनजातीय बहुल क्षेत्रों में उच्च शिक्षा के विशेष कार्यक्रम प्रारंभ करना।

इग्नू की विशेषताएँ-

> तृतीयक शिक्षा और प्रशिक्षण हेतु एक परीक्षणात्मक प्रणाली चलाता है। वह प्रणाली शिक्षा के तौर तरीकों तथा गति, पाठ्यक्रमों को जोड़ने, पंजीकरण हेतु योग्यता, प्रवेश की आयु और मूल्यांकन के तौर तरीकों के मामले में लचीली और खुली है।

> विश्वविद्यालय ने एकीकृत बहुमाध्यमी (मल्टीमीडिया) निर्देशन रणनीति अपनाई है, जिसमें प्रकाशित सामग्री, श्रव्य दृश्य पाठ्य सहायक सामग्री, शैक्षिक रेडियो व टेलीविजन, टेलीकांफ्रेंसिंग और वीडियो कांफ्रेंसिंग सम्मिलित हैं।
यह देश भर में फैले अपने अध्ययन केन्द्रों के नेटवर्क में चलाए जा रहे आमने-सामने के परामर्श के माध्यम से होती है।

> यह समयबद्ध व निरंतर मूल्यांकन के साथ-साथ सत्र के अंत में परीक्षाओं का आयोजन भी करता है।

> इग्नू ने अपने कार्यक्रम 1987 में प्रारंभ किए और अभी तक लगभग 3500 पाठ्यक्रम अपने 323 कार्यक्रमों के माध्यम से चलाए हैं, जिनमें पीएच.डी., स्नातकोत्तर, उच्चतर/स्नातकोत्तर डिप्लोमा, डिप्लोमा कार्यक्रम तथा प्रमाण पत्र कार्यक्रम जैसे 900 कार्यक्रम शामिल है।

> वर्ष 2010 तक 30 लाख से अधिक छात्रों के साथ यह विश्व का सबसे बड़ा विश्वविद्यालय बन गया।

> विश्वविद्यालय ने देश के विभिन्न भागों में 58 क्षेत्रीय केंद्रों एवं 6 उपक्षेत्रीय केंद्र एवं 1400 अध्ययन केन्द्रों वाला एक व्यापक छात्र सहायता सेवाओं का नेटवर्क स्थापित किया है।

> इग्नू ने महिलाओं, अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति और शारीरिक रूप से विकलांग व्यक्तियों के लिए 269 अध्ययन केन्द्रों की स्थापना की है। इसके अलावा कैदियों तथा रक्षा व अर्ध सैनिक सेवा के कर्मचारियों के विशेष सुविधा दी जाती है।

> 26 जनवरी, 2001 को इग्नू ने एक शैक्षिक चैनल "ज्ञानदर्शन" की शुरुआत की थी, जो अब 24 घंटे का चैनल है तथा इसकी छह लगातार प्रसारण करने की क्षमता है।

> इग्नू ने नवंबर, 2001 में छात्रों को अतिरिक्त सुविधाएं देने के लिए "ज्ञानवाणी" नामक एफ.एम. रेडियो नेटवर्क शुरू किया। इस समय 31 एफ.एम. रेडियो नेटवर्क चालू हालत में हैं जो कुछ समय बाद बढ़ कर 40 हो जाएंगे।

> शिक्षित भारत बनाने हेतु दूरवर्ती शिक्षा के उन्नयन और विकास को बढ़ावा देने के लिए एक विशेष शैक्षिक चैनल एजुसेट की शुरुआत एक एक ऐतिहासिक अवसर है, जो लोगों को अच्छी शिक्षा देकर उनका सशक्तिकरण करेगा और जनाकांक्षाएं पूरी करेगा।

> वर्ष 2005 में विश्वविद्यालय ने देश भर में स्थित अपने क्षेत्रीय अध्ययन केन्द्रों में एसआईटी के साथ 100 एजुसेट केन्द्र स्थापित किए।

> विश्वविद्यालय द्वारा एक वैधानिक निकाय के रूप में 1991 में गठित "दूर शिक्षा परिषद् (DEC)" देश की दूर शिक्षा के समन्वयन और मानकों के निर्धारण करने वाली शीर्ष संस्था है।

> इसने कई देशों, एशियाई एवं अफ्रीकी देशों के साथ द्विपक्षीय एवं बहुपक्षीय गठजोड़ किए हैं। इनमें संयुक्त अरब अमीरात, कतर, कुवैत, ओमान, बहरीन, अबू धाबी, सेशेल्स, मॉरीशस, मालदीव, माडागास्कर और लीबिया जैसे देश शामिल हैं।

> इग्नू यूनेस्को, राष्ट्रमंडल सचिवालय, कॉमनवेल्थ ऑफ लर्निंग और विश्व स्वास्थ्य संगठन जैसे अंतर्राष्ट्रीय संगठनों के जरिए सरकारी एजेंसियों एवं दूसरे मुक्त विश्वविद्यालयों के साथ गठजोड़ एवं साझेदारी स्थापित करना चाहता है।

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